अब कैलाश भी नर्मदा भक्तों के साथ संत प्रवचन सुनकर कर सकेंगे भजन

बड़वानी 14 जून। मानव के लिए संचेतना हेतु श्रवण शक्ति का मजबूत होना बहुत आवश्यक होता है। इसके अभाव में व्यक्ति कर्णप्रिय बातें तो ठीक ही है, अन्य बातें भी नहीं सुन पाता है। ऐसी ही समस्या ग्राम आवली के निवासी श्री कैलाश जाट को 62 वर्ष की आयु में देखने को मिली। जब वे अपने आप को किसी अन्य की बातें सुनने में असहज महसूस करने लगे। सुनने की क्षमता कमजोर होने के कारण वह कई बार हंसी का पात्र भी बने। किंतु उन्हें आवली आश्रम के संत श्री आशुतोष भोले बाबा ने बताया कि इस समस्या का निदान जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र आशाग्राम में हो सकता है।

संत श्री उसे आशा ग्राम ट्रस्ट लेकर आए जहां उनका परीक्षण केंद्र के श्री मणिराम नायडू ने कर उन्हें मेडिकल बोर्ड में परीक्षण के लिए प्रमाण पत्र जारी करवाने के लिए पहुंचाया। जहां जिला चिकित्सालय के डॉ चंद्रशेखर पाल ने समन्वय कर मेडिकल बोर्ड से तत्काल श्रवण बाधित परीक्षण करवाकर उसे प्रमाण पत्र जारी करवाया, जिस पर श्री कैलाश जाट को प्रक्रिया पूर्ण कर तत्काल अत्याधुनिक श्रवण मशीन प्रदान की गई। जिसे लगाने के बाद श्री कैलाश ने बरबस ही अपने उद्गार व्यक्त करते हुए कहा अब मैं संत जी के भजन सुनकर उन्हें ठीक से दोहरा सकूंगा।

योगा को प्रतिदिन जीवन में अपनाकर सभी बन सकते हैं योगानंद – कलेक्टर शिवराज सिंह वर्मा

बड़वानी 14 जून। योग जीवन में आनंद लाता है और आनंद के साथ किया गया हर कार्य रुचिकर बन जाता है। इसीलिए तो हमारे पूर्वज शतायु हो कर अंतिम सांस तक क्रियाशील और सक्रिय बने रहते थे। यह बात कलेक्टर श्री शिवराज सिंह वर्मा ने अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के संबंध में कही । उन्होंने कहा प्रतिदिन योग को जीवन में आत्मसात कर आनंद के साथ आप भी योगानंद बन सकते हैं। यह हमारी हजारों वर्ष पुरानी विधा है। जिसे 2014 में पुनः भारत सरकार ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विस्तारित कर 21 जून को विश्व अंतर्राष्ट्रीय दिवस के रूप में स्थापित किया है।

अब योगा भारतीयों को अपनी विरासत की ओर लौट चलें की तर्ज पर ऊर्जावान बना रहा है, वहीं विश्व भी इसका अनुसरण कर रहा है। ग्राम से लेकर शहर, सभी दूर लोग प्रातः योगाभ्यास करते हुए देखे जा सकते हैं। आजादी के अमृत महोत्सव के तहत केंद्रीय संस्कृति मंत्रालय की ओर से देश के 75 ऐतिहासिक स्थानों पर योगा इन हेरिटेज के तहत अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाया जाएगा। बड़वानी जिले में भी सेंधवा किले के अंदर योग दिवस पर जिला स्तरीय आयोजन होगा। वही शिव कुंज आशाग्राम में ओपन मंच पर प्रकृति के बीच अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर योग क्रियाएं आयोजित की जायेगी । जिसकी तैयारियां शिव कुंज में प्रारंभ हो गई है।

मंगलवार से श्रम पदाधिकारी श्री के एस मुजाल्दा शिव कुंज में योग गतिविधि प्रारंभ की। अब वे प्रतिदिन प्रातः 6 बजे से योगाभ्यास करवाएंगे । मंगलवार को शिव कुंज में श्री मुजाल्दा के द्वारा प्रतिदिन आने वाले फिटनेस प्रेमियों को योगाभ्यास कराया। जिसमें उन्होंने नन्हे बच्चों को भी योग के गुर सिखाए।

मालवा निमाड़ को जोड़ने वाला जामगेट मार्ग हुआ प्रारम्भ

जिले की सीमा पर मण्डलेश्वर तहसील में मण्डेश्वर-महू मार्ग पर बना होल्करकालीन जामगेट मंगलवार से पुनः आम नागरिकों के लिए खोल दिया गया है। अब इस मार्ग से भी खरगोन-इंदौर पहुँचा जा सकता है। ज्ञात हो कि 7 जून से 13 जून तक जामगेट से मण्डलेश्वर-महू की ओर जाने पर प्रतिबंधित किया गया था। पर्यटन की दृष्टि से यह स्थान एमपीआरडीसी का रोड बन जाने के बाद से अत्यंत रमणीय होकर लोकप्रिय हो गया है। यहां से व्यावसायिक वाहन बहुत कम संख्या में लेकिन पर्यटक काफी संख्या में आने लगे हैं। होल्करकालीन जामगेट राज्य संरक्षित स्मारक होने से बन्द अवधि में अनुरक्षण एवं विकास कार्य किये जा रहे थे। अंतिम चरण में गेट से गुजरने वाली सड़क बनाना था। इस कारण इसे बंद किया गया था।

बारिश में कराता है अलौकिक अहसास

वैसे तो जामगेट की सौन्दर्यता को निहारने 12 महीने पर्यटकों का आना-जाना लगा रहता है। लेकिन बारिश के मौसम में इस क्षेत्र के लिए विशेष उपहार देखने में आता है। यहां न सिर्फ बारिश ही नहीं बल्कि बादल भी घाटियों में वनों से मिलने आते हैं। गहरी घाटी में बादलों का झुरमुट जब हवाओं के साथ ऊपर की ओर उठता है तो प्रकृति का अलौकिक अहसास कराता है। जामगेट मार्ग पर झरने भी कर्णप्रिय ध्वनि से पुकारने लगते हैं। खासकर सुबह-सुबह और अक्सर शाम के समय पर्यटक आन्नद लेते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published.

error: Content is protected !!